भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में सोमवार दोपहर एक सनसनीखेज और तनावपूर्ण मामला सामने आया है। भवानी चौक (पीर गेट) इलाके में कुछ युवकों ने हिंदू उत्सव समिति के अध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी के साथ न केवल झूमाझटकी की, बल्कि उनके चेहरे पर कालिख (स्याही) भी पोत दी। यह पूरा घटनाक्रम एक पुराने विवाद से जुड़ा हुआ है, जिसमें तिवारी द्वारा अनुसूचित जाति के खिलाफ कथित तौर पर आपत्तिजनक और जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल करने का आरोप है। घटना के बाद से शहर में राजनीतिक और सामाजिक हलचल तेज हो गई है।
सोमवार दोपहर करीब दो बजे चंद्रशेखर तिवारी भवानी चौक पर स्थित एक चाय की दुकान पर खड़े थे। इसी दौरान कुछ युवक वहां पहुंचे और खुद को अनुसूचित जाति से संबंधित बताते हुए नारेबाजी करने लगे।
युवकों ने पीछे से तिवारी को दबोच लिया और विरोध जताते हुए उनके चेहरे पर स्याही पोत दी। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस और धक्का-मुक्की भी हुई, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
इस अप्रत्याशित घटना के तुरंत बाद चंद्रशेखर तिवारी और जिला अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रतिनिधियों की ओर से कोतवाली थाने में अलग-अलग शिकायत आवेदन दिए गए हैं। पुलिस अब वायरल वीडियो फुटेज और दोनों पक्षों के बयानों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई में जुट गई है।
यह पूरा विवाद हाल ही में दिए गए एक इंटरव्यू से शुरू हुआ था, जिसमें चंद्रशेखर तिवारी पर अनुसूचित जाति के लिए आपत्तिजनक शब्दों का उपयोग करने का आरोप लगा था।
जब इस बयान ने तूल पकड़ा और विभिन्न संगठनों ने इसका कड़ा विरोध करना शुरू किया, तो तिवारी ने एक स्पष्टीकरण वीडियो जारी किया था। उन्होंने अपने उस बयान को अपनी गलती बताते हुए सार्वजनिक रूप से माफी भी मांग ली थी, लेकिन इसके बावजूद विरोध और आक्रोश का यह दौर थमता नजर नहीं आया, जिसका परिणाम सोमवार की इस स्याही कांड की घटना के रूप में सामने आया है।
प्रशासन ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए संवेदनशील इलाकों में सतर्कता बढ़ा दी है और पुलिस दोनों पक्षों के आरोपों की निष्पक्ष जांच कर रही है।

